100 करोड़ की जमीन पर हाईटेक गौशाला या कब्रिस्तान? भोपाल में बवाल

भोपाल में हाईटेक गौशाला के लिए भूमि पूजन विवाद का केंद्र बन गया है। जानें इस विवाद से जुड़ी हर जानकारी और दोनों पक्षों के तर्क।

100 करोड़ की जमीन पर हाईटेक गौशाला या कब्रिस्तान? भोपाल में बवाल

भोपाल के कोलार क्षेत्र के अकबरपुर में प्रस्तावित हाईटेक गौशाला का भूमि पूजन विवाद का केंद्र बन गया है। दावा किया जा रहा है कि यह जमीन एक कब्रिस्तान की है। ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी ने वक्फ बोर्ड के दस्तावेज दिखाते हुए कहा है कि यह भूमि कब्रिस्तान के नाम पर दर्ज है और वहां कुछ कब्रें मौजूद हैं। वहीं, स्थानीय हिंदू समुदाय और बीजेपी विधायक इस बात को नकारते हुए इसे सरकारी जमीन बता रहे हैं।

100 करोड़ की जमीन पर विवाद: कब्रिस्तान या सरकारी जमीन?
भूमि की कीमत लगभग 100 करोड़ रुपये बताई जा रही है। कांग्रेस नेता अश्विनी श्रीवास्तव का दावा है कि जमीन उनकी है और वे इसे हाईटेक गौशाला के लिए उपयोग करना चाहते हैं। इसके विपरीत, मुस्लिम पक्ष ने दावा किया है कि यह कब्रिस्तान है और वहां वक्फ बोर्ड का अधिकार है।

गुम होते कब्रिस्तान का विरोध प्रदर्शन
मुस्लिम समुदाय ने विरोध प्रदर्शन करते हुए कब्रिस्तान की जमीन बचाने की अपील की। ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन बल्ली ने आरोप लगाया कि स्थानीय विधायक रामेश्वर शर्मा भू-माफियाओं के साथ मिलकर जमीन पर कब्जा कर रहे हैं। प्रदर्शन के दौरान गुम होते जा रहे कब्रिस्तान, कहां दफन करें जिंदा इंसान? जैसे बैनर भी लगाए गए।

बीजेपी विधायक का पलटवार
बीजेपी विधायक रामेश्वर शर्मा ने इस विवाद को खारिज करते हुए कहा कि यह सरकारी जमीन है और नवाबी काल में यहां हिंदू बच्चों को दफनाया जाता था। उन्होंने मुस्लिम पक्ष पर 100 करोड़ की जमीन हथियाने का आरोप लगाया।

स्थानीय लोगों की राय
स्थानीय निवासियों ने कहा कि पिछले 15-20 सालों में उन्होंने कभी इस जगह पर कब्रों को नहीं देखा। उनका कहना है कि यह क्षेत्र बच्चों के खेलने की जगह रहा है और यहां केवल गौशाला बननी चाहिए।

कांग्रेस विधायक का विरोध
भोपाल मध्य के कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने बीजेपी पर जबरन कब्जा करने का आरोप लगाते हुए वक्फ बोर्ड के दावे का समर्थन किया।