बिहार में नई सत्ता की आहट: नीतीश–चिराग की मुलाकात ने सरकार गठन की रफ्तार बढ़ाई

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में NDA की लैंडस्लाइड जीत के बाद सरकार गठन की हलचल तेज हो गई है। नीतीश–चिराग की मुलाकात, NDA पार्टियों की सक्रियता और नई सत्ता के संकेतों को विस्तार से पढ़ें इस रिपोर्ट में।

बिहार में नई सत्ता की आहट: नीतीश–चिराग की मुलाकात ने सरकार गठन की रफ्तार बढ़ाई
नीतीश कुमार और चिराग पासवान मुख्यमंत्री आवास पर मुलाकात करते हुए—दोनों नेताओं के चेहरे पर जीत की खुशी साफ झलकती है।

बिहार विधानसभा चुनाव के ऐतिहासिक नतीजों के बाद सत्ता गठन की गतिविधियां तेज़ हो गई हैं। NDA को मिली लैंडस्लाइड जीत ने पूरे राजनीतिक माहौल में नई ऊर्जा भर दी है। इसी माहौल के बीच शनिवार को लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान अचानक मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात करने उनके आवास पहुंचे।

नीतीश कुमार ने चिराग का गर्मजोशी से स्वागत किया—दोनों नेताओं की मुस्कान और गले मिलते हुए तस्वीरें इस बात का संकेत दे रही थीं कि बिहार में नई सरकार की रूपरेखा लगभग तय मानी जा रही है। जीत की खुशी नीतीश कुमार के चेहरे पर साफ झलक रही थी, जो बताती है कि इस बार जनादेश ने उन्हें राजनीतिक रूप से और भी मजबूत कर दिया है।

इस चुनाव में जेडीयू ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 85 सीटें हासिल कीं, वहीं चिराग पासवान की LJP (रामविलास) ने 19 सीटों पर जीत दर्ज कर गठबंधन को मजबूती दी। सबसे बड़ी उपलब्धि बीजेपी के हिस्से में गई, जिसने 89 सीटें जीतकर एक बार फिर राज्य की राजनीति में अपना दबदबा स्थापित किया।

चिराग पासवान ने मुलाकात के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तस्वीरें साझा कीं और लिखा कि उन्होंने नीतीश कुमार को NDA की भारी जीत पर बधाई दी है। चिराग ने शुक्रवार को भी मतदाताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा था कि बिहार ने सही समय पर सही फैसला लिया। यह जीत सिर्फ राजनीतिक दलों की नहीं, बल्कि बिहार की जनता और उनके विवेक की जीत है।

उन्होंने यह भी कहा कि लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) ने विश्वास, सेवा और पारदर्शिता के साथ चुनाव लड़ा और जनता ने इसे सराहा। चिराग ने स्पष्ट संकेत दिया कि आने वाले दिनों में उनकी पार्टी अवसरवाद की राजनीति से दूर रहकर योग्यता पर आधारित राजनीति करेगी—युवा, महिलाएं और पिछड़ा वर्ग उनकी प्राथमिकता होंगे।

उधर, NDA के एक और सहयोगी—हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) के नेता और केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी के बेटे संतोष सुमन भी मुख्यमंत्री निवास पहुंचे। उन्होंने नीतीश कुमार को जीत की बधाई देते हुए आगामी सरकार में सकारात्मक योगदान देने का भरोसा जताया। मांझी की पार्टी ने इस चुनाव में 6 में से 5 सीटें जीतकर अपनी राजनीतिक जमीन को बनाए रखा है।

चुनाव नतीजों के बाद नेताओं के बीच यह बढ़ती चहल-पहल साफ संकेत देती है कि नई सरकार के गठन की तैयारी अंतिम चरण में है। NDA के भीतर तालमेल इस बार पहले से अधिक मजबूत दिखाई दे रहा है, और आने वाले दिनों में मंत्रिमंडल की संरचना व विभागों के बंटवारे पर भी महत्वपूर्ण फैसले संभावित हैं।

बिहार के मतदाताओं ने जिस भरोसे का संदेश दिया है, उसके बाद जनता उम्मीद कर रही है कि NDA की यह नई सरकार राज्य में विकास की रफ्तार तेज करेगी, रोजगार के अवसर बढ़ाएगी और सामाजिक संतुलन को बनाए रखते हुए स्थिर शासन देगी।