उपराष्ट्रपति चुनाव 2025: कौन भारी? NDA या इंडिया ब्लॉक, जानें पूरा नंबर गेम

उपराष्ट्रपति चुनाव 2025 में NDA ने सीपी राधाकृष्णन को उम्मीदवार बनाया। 427 सांसदों के समर्थन से सरकार को बढ़त, जबकि विपक्ष (INDIA Block) रणनीति बैठक कर रहा है। 133 अनिर्णित वोट बने किंगमेकर।

उपराष्ट्रपति चुनाव 2025: कौन भारी? NDA या इंडिया ब्लॉक, जानें पूरा नंबर गेम
उपराष्ट्रपति चुनाव 2025: NDA उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन और पीएम मोदी (फाइल फोटो)

उपराष्ट्रपति चुनाव 2025 को लेकर देश की राजनीति गर्मा गई है। एनडीए (NDA) ने महाराष्ट्र के राज्यपाल और तमिलनाडु से आने वाले अपने कद्दावर नेता सीपी राधाकृष्णन (CP Radhakrishnan) को उम्मीदवार घोषित कर दिया है। इसके तुरंत बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से बात कर कांग्रेस और विपक्षी दलों का समर्थन मांगा।

चुनावी समीकरण और नंबर गेम
उपराष्ट्रपति का चुनाव साधारण बहुमत से नहीं, बल्कि Proportional Representation System और Single Transferable Vote System से होता है। कुल 782 सांसद इस चुनाव में वोट डालने के पात्र हैं — 542 लोकसभा और 240 राज्यसभा से।

 बहुमत के लिए जरूरी वोट: 392
- NDA के पास समर्थन: 427 सांसद (293 लोकसभा + 134 राज्यसभा)
- विपक्ष (INDIA Block) के पास: 355 सांसद (249 लोकसभा + 106 राज्यसभा)
- अनिर्णित वोट: 133 सांसद

यानी, आंकड़ों के लिहाज से सरकार समर्थित उम्मीदवार को स्पष्ट बढ़त है।

INDIA Block की रणनीति बैठक
हालांकि, 133 अनिर्णित सांसद इस चुनाव में किंगमेकर की भूमिका निभा सकते हैं। इन्हीं को साधने के लिए सरकार और विपक्ष दोनों कोशिशें तेज कर चुके हैं। विपक्ष (INDIA Block) आज अपनी रणनीति बैठक करेगा। कांग्रेस समेत कई दल इस बात पर विचार करेंगे कि सरकार के नंबर गेम को कैसे चुनौती दी जाए। वहीं सरकार अपने सहयोगियों और क्षेत्रीय दलों को साधने में जुटी है।

क्यों चुना गया सीपी राधाकृष्णन को NDA उम्मीदवार?
बीजेपी ने सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाकर दक्षिण भारत की राजनीति को साधने की रणनीति बनाई है। राधाकृष्णन दो बार कोयंबटूर से सांसद रह चुके हैं। तमिलनाडु की राजनीति में उनका प्रभाव है। 2024 लोकसभा चुनाव में तमिलनाडु में बीजेपी का प्रदर्शन कमजोर रहा था, इसलिए यह फैसला वहां पैठ बनाने की कोशिश माना जा रहा है। यह कदम कांग्रेस और डीएमके के लिए सीधी चुनौती के रूप में देखा जा रहा है।

क्रॉस वोटिंग से तय होगा खेल?
हालांकि, कागजों पर NDA मजबूत दिख रहा है, लेकिन विपक्ष की एकजुटता और संभावित क्रॉस वोटिंग इस चुनाव को दिलचस्प बना सकती है। अब सबकी नजरें 133 अनिर्णित वोटों और विपक्ष की रणनीति पर टिकी हैं।