बिहार चुनाव से पहले मोकामा में मर्डर! जन सुराज समर्थक की हत्या से बढ़ा सियासी तनाव, अनंत सिंह के समर्थकों पर आरोप

बिहार विधानसभा चुनाव से पहले मोकामा में जन सुराज समर्थक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना में अनंत सिंह के समर्थकों पर आरोप लगा है। प्रशांत किशोर ने कहा — बिहार की असली लड़ाई जन सुराज बनाम एनडीए के बीच है।

बिहार चुनाव से पहले मोकामा में मर्डर! जन सुराज समर्थक की हत्या से बढ़ा सियासी तनाव, अनंत सिंह के समर्थकों पर आरोप

बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान से ठीक पहले राजधानी पटना के मोकामा इलाके से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहां गुरुवार को जन सुराज समर्थक दुलार चंद्र यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी और तनाव फैल गया है।

पीयूष प्रियदर्शी के काफिले पर हमला, गोलीबारी में समर्थक की मौत
सूत्रों के अनुसार, जन सुराज पार्टी के प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी का काफिला मोकामा के रास्ते गुजर रहा था। इसी दौरान उनके आगे अनंत सिंह की गाड़ी चल रही थी। चश्मदीदों ने बताया कि अचानक अनंत सिंह के समर्थक गाड़ियों से उतरे और लाठी-डंडों से हमला करने लगे। इसी दौरान गोली चल गई, जो दुलार चंद्र यादव को लगी। गंभीर रूप से घायल दुलार को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

पुलिस ने संभाला मोर्चा, कई संदिग्ध हिरासत में
घटना की सूचना मिलते ही ASP राकेश कुमार के नेतृत्व में भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने स्थिति को काबू में करने की कोशिश की और इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है। बताया जा रहा है कि पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है और पूछताछ जारी है।

जन सुराज कार्यकर्ताओं का आरोप — ‘लोकतंत्र पर हमला’
जन सुराज के समर्थकों ने आरोप लगाया है कि उनका काफिला पूरी तरह शांतिपूर्ण था, लेकिन अनंत सिंह के समर्थकों ने बिना किसी उकसावे के हमला किया। उनका कहना है कि यह “लोकतंत्र पर हमला” है और इस मामले की हाई लेवल जांच की मांग की गई है। समर्थकों ने पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल उठाते हुए विरोध प्रदर्शन किया।

प्रशांत किशोर का निशाना — 'महागठबंधन की लड़ाई लूट की लड़ाई'
घटना के बाद जन सुराज प्रमुख प्रशांत किशोर ने कहा कि बिहार की असली लड़ाई जन सुराज और एनडीए के बीच है। उन्होंने आरोप लगाया कि महागठबंधन के नाम पर “लूट की राजनीति” चल रही है और आरजेडी अब चुनावी दौड़ में नहीं है। प्रशांत किशोर के इन बयानों के बाद चुनावी माहौल और गरमाता जा रहा है।

मोकामा बना सियासी रणभूमि, पुलिस अलर्ट पर
हत्या की इस वारदात ने मोकामा को सियासी तौर पर गर्मा दिया है। इलाके में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है और सुरक्षा एजेंसियां किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं। घटना को लेकर सोशल मीडिया पर भी जबरदस्त बहस छिड़ गई है।