G-20 शिखर सम्मेलन में PM मोदी की वर्ल्ड डिप्लोमैसी, ‘ग्लोबल प्रगति की साझा प्रतिबद्धता’ पर जोर
G-20 शिखर सम्मेलन में पीएम मोदी ने ब्रिटेन, फ्रांस, दक्षिण कोरिया, ब्राजील समेत कई विश्व नेताओं से मुलाकात की और वैश्विक प्रगति के साझा एजेंडे पर जोर दिया।
दक्षिण अफ्रीका के जोहानिसबर्ग में आयोजित जी-20 शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पूरा दिन वैश्विक नेताओं के साथ कूटनीतिक बातचीत में बीता। दुनिया के कई बड़े देशों के प्रमुखों से मुलाकात कर पीएम मोदी ने यह संदेश साफ कर दिया कि भारत आज न सिर्फ अपनी भूमिका निभा रहा है बल्कि वैश्विक साझेदारियों को नई दिशा भी दे रहा है।
ब्रिटेन के PM कीर स्टार्मर से मीटिंग
PM मोदी ने एक्स पर लिखा कि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से मिलकर बेहद खुशी हुई। इस वर्ष भारत-ब्रिटेन संबंधों में नई गति आई है। दोनों देशों ने व्यापार, शिक्षा और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में साझेदारी को और आगे बढ़ाने पर सहमति जताई।
मलेशिया के PM अनवर इब्राहिम से मजबूत आर्थिक सहयोग पर बात
मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम के साथ मुलाकात सौहार्दपूर्ण रही। दोनों नेताओं ने तय किया कि व्यापार, निवेश और सांस्कृतिक संबंधों को नई ऊंचाई दी जाएगी।
फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों से मुलाकात
PM मोदी और मैक्रों की मुलाकात हमेशा की तरह गर्मजोशी भरी रही। उन्होंने रक्षा, अंतरिक्ष, टेक्नोलॉजी और रणनीतिक सहयोग पर विस्तार से चर्चा की। पीएम ने कहा कि भारत-फ्रांस की दोस्ती वैश्विक भलाई के लिए महत्वपूर्ण स्तंभ बनी हुई है।
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग से दूसरी मुलाकात
PM मोदी ने बताया कि इस वर्ष यह उनकी म्युंग के साथ दूसरी मुलाकात है, जो इस बात का संकेत है कि भारत-कोरिया रणनीतिक रिश्तों में तेजी आ रही है। दोनों राष्ट्र हाई-टेक, इलेक्ट्रॉनिक्स, रक्षा और निवेश क्षेत्रों में साझेदारी बढ़ाने पर सहमत हुए।
ब्राजील के राष्ट्रपति लूला दा सिल्वा के साथ बातचीत
PM मोदी और लूला ने व्यापार, कृषि, सांस्कृतिक एक्सचेंज और दक्षिण-दक्षिण सहयोग पर चर्चा की। दोनों देश ब्रिक्स और जी-20 में भी एक-दूसरे के अहम साझेदार हैं।
UN Secretary-General गुतारेस से सार्थक बातचीत
गुतारेस के साथ मुलाकात के दौरान वैश्विक शांति, जलवायु परिवर्तन, सतत विकास और मानवता से जुड़े मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ। PM मोदी ने कहा कि भारत हमेशा विश्व कल्याण के लिए साथ खड़ा रहेगा।
इटली, सिंगापुर, अंगोला, वियतनाम और जर्मनी के नेताओं से भी मुलाकात
सम्मेलन के औपचारिक सत्र शुरू होने से पहले पीएम मोदी ने कई अन्य नेताओं से भी मुलाकात की जिनमें— इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी, सिंगापुर के PM लॉरेंस वोंग, अंगोला के राष्ट्रपति जोआओ लौरेंको, वियतनाम के PM फाम मिन्ह चिन, जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज़। इन मुलाकातों में व्यापार, टेक्नोलॉजी, ऊर्जा, रक्षा, डिजिटल कनेक्टिविटी और सांस्कृतिक रिश्तों को मजबूत करने पर जोर रहा।
WTO और WHO प्रमुखों से मुलाकात
PM मोदी ने विश्व व्यापार संगठन (WTO) की महानिदेशक डॉ. न्गोजी ओकोन्जो-इवेला और विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के प्रमुख डॉ. टेड्रोस घेब्रेयेसस से भी मुलाकात की। टेड्रोस को PM मोदी ने प्यार से ‘तुलसी भाई’ कहकर संबोधित किया और स्वास्थ्य सहयोग पर गंभीर चर्चा की।
इथियोपिया और सिएरा लियोन के नेताओं से बातचीत
दोनों अफ्रीकी देशों के साथ भारत की ऐतिहासिक भागीदारी और विकास सहयोग पर चर्चा हुई। शिक्षा, कृषि, टेक्नोलॉजी और कौशल विकास को इसमें खास महत्व दिया गया।
'दुनिया को नए विचार और नए मापदंड चाहिए'
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने वैश्विक विकास मापदंडों के पुनर्मूल्यांकन, ड्रग-टेरर नेटवर्क से लड़ने के लिए अंतरराष्ट्रीय पहल और Global Health Response Team बनाने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि दुनिया आज बहुध्रुवीय है और इसे एकजुट नेतृत्व की आवश्यकता है।


आँखें न्यूज़ 24 




