दिल्ली के निजामुद्दीन में बड़ा हादसा; दरगाह की छत गिरी, 5–6 लोग मलबे में दबे

दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में हुमायूं के मकबरे के पास स्थित दरगाह की छत गिर गई। हादसे में 5–6 लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका, फायर ब्रिगेड और पुलिस रेस्क्यू में जुटी।

दिल्ली के निजामुद्दीन में बड़ा हादसा; दरगाह की छत गिरी, 5–6 लोग मलबे में दबे
दिल्ली के निजामुद्दीन में हुमायूं के मकबरे के पास स्थित दरगाह की गिरी हुई छत

राजधानी दिल्ली के निजामुद्दीन इलाके में शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। ऐतिहासिक हुमायूं के मकबरे के पास स्थित एक दरगाह की छत अचानक भरभराकर गिर गई, जिससे अफरा-तफरी मच गई। इस हादसे में 5 से 6 लोगों के मलबे के नीचे दबने की आशंका है।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसे के वक्त दरगाह के अंदर और आसपास कई लोग मौजूद थे। अचानक गिरी छत के बाद तेज धमाके की आवाज आई और धूल का गुबार फैल गया। लोगों की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद लोग मदद के लिए दौड़े और तुरंत पुलिस व फायर ब्रिगेड को सूचना दी।

फायर ब्रिगेड का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां और पुलिस बल मौके पर पहुंचा। बचाव दल मलबा हटाने और दबे लोगों को निकालने के प्रयास में जुटा है। फिलहाल, अब तक किसी को बाहर नहीं निकाला जा सका है। अधिकारियों के मुताबिक, राहत कार्य तेजी से जारी है और घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल भेजा जाएगा।

ऐतिहासिक धरोहर के पास हुआ हादसा
हुमायूं का मकबरा, जहां यह हादसा हुआ, दिल्ली के निजामुद्दीन पूर्व में स्थित है और यह यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल है। 1565 से 1572 के बीच मुगल बादशाह हुमायूं की विधवा बेगम ने इसका निर्माण करवाया था। यह भारतीय उपमहाद्वीप का पहला उद्यान मकबरा है और ऐतिहासिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है।

दरगाह, जिसकी छत गिरी, इसी परिसर के पास स्थित है। यह दरगाह 14वीं सदी के सूफी संत हजरत निजामुद्दीन औलिया की कब्र पर बनी है और यहां रोजाना देश-विदेश से श्रद्धालु आते हैं।

अफसरवाला मस्जिद और मकबरा भी पास में
हुमायूं के मकबरे के दक्षिण-पश्चिम कोने में अफसरवाला मस्जिद और मकबरा स्थित है, जिसे मुगल बादशाह अकबर के दरबार के अधिकारियों की याद में बनाया गया था। इस क्षेत्र में कई ऐतिहासिक कब्रें हैं, जिन पर मुगलकालीन तारीखें अंकित हैं।